पुरोला विधानसभा: शिकारू गांव की युवती का एक और वीडियो वायरल, ‘हम अपना हक मांग रहे हैं, भीख नहीं’

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
पुरोला,uttarkashi: पुरोला विधानसभा के सुदूरवर्ती गांव शिकारू से एक बार फिर शासन-प्रशासन और नेताओं की कार्यप्रणाली को कटघरे में खड़ा करने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पूर्व में गांव की एक युवती ने सड़क को लेकर एक वीडियो वायरल किया था। अब इसी युवती का एक दूसरा वीडियो सामने आया है, जिसने क्षेत्र में सड़क की बदहाली और जनप्रतिनिधियों के प्रति जनता के आक्रोश को और मुखर कर दिया है।
इस नए वीडियो में युवती ने एक सोशल मीडिया यूजर के उस कमेंट का जवाब दिया है, जिसमें पूछा गया था कि क्या सारे काम पांच सालों में ही होते हैं और क्या वर्तमान विधायक से ही सारी उम्मीदें हैं। इस पर बेबाक रुख अपनाते हुए युवती ने कहा कि वह किसी भी राजनीतिक दल या नेता विशेष पर निशाना नहीं साध रही है, बल्कि वह सिर्फ और सिर्फ अपने गांव की बुनियादी जरूरत यानी सड़क के लिए आवाज उठा रही है।
युवती ने भावुक और आक्रोशित लहजे में कहा कि हर चुनाव में नेता आते हैं, आश्वासन देकर चले जाते हैं, लेकिन पीछे मुड़कर कभी गांव की सुध नहीं लेते।
वीडियो में युवती ने नेताओं के समर्थकों और चमचागिरी करने वालों को भी आड़े हाथों लिया। उसने कहा कि जो लोग सिर्फ सोशल मीडिया पर कमेंट करना जानते हैं, वे एक बार खुद इस पथरीले और दुर्गम रास्ते पर पैदल चलकर आएं, तब उन्हें बिना सड़क के जीने का दर्द समझ में आएगा। उसने साफ तौर पर कहा कि ग्रामीण किसी से भीख नहीं, बल्कि अपना हक मांग रहे हैं। उन्हें नेताओं के पीछे घूमने में कोई दिलचस्पी नहीं है, उन्हें सिर्फ गांव तक सड़क चाहिए।
शिकारू गांव के इस दूसरे वीडियो ने एक बार फिर रवांईं घाटी में बुनियादी सुविधाओं के अभाव पर गंभीर बहस छेड़ दी है।
युवती ने कहा, “हम विधायक इसलिए नहीं चुनते कि वे हमारी खेती-बाड़ी करें, बल्कि इसलिए चुनते हैं कि जो हमारी बुनियादी कमियां हैं—जैसे अस्पताल, सड़क और पानी—उन्हें दूर किया जा सके। हमारे गांव में सबसे बड़ी दिक्कत यह है कि यहां सड़क ही नहीं है। अगर सड़क होती, तो हमें ऐसी वीडियो बनाने की जरूरत ही नहीं पड़ती।”



